Thursday, March 5, 2026
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Holi Bhai Dooj 2026: होली भाई दूज आज, जानें क्या रहेगा तिलक लगाने का शुभ मुहूर्त – holi bhai dooj 2026 tithi tilak shubh muhurat pooja vidhi timing tvisg

Holi Bhai Dooj 2026: आज, 5 मार्च को होली भाई दूज का पर्व मनाया जा रहा है. भाई-बहन के स्नेह और विश्वास का प्रतीक भाई दूज का त्योहार साल में दो बार मनाया जाता है. एक बार यह दिवाली के बाद कार्तिक महीने के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को आता है, जबकि दूसरी बार होली के बाद चैत्र महीने के कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाया जाता है. इस दिन को भ्राता द्वितीया भी कहा जाता है.

इस खास मौके पर बहनें अपने भाइयों को घर बुलाकर उनका आदर-सत्कार करती हैं. वे भाई के माथे पर तिलक लगाती हैं और उनकी खुशहाली व लंबी उम्र की कामना करती हैं. भाई भी अपनी बहनों की रक्षा का वचन देते हैं, जिससे यह रिश्ता और मजबूत बनता है. तो आइए जानते हैं कि होली भाई दूज पर आज क्या रहेगा तिलक और पूजन का शुभ मुहूर्त. 

तिलक लगाने का ये रहेगा शुभ मुहूर्त

होली भाई दूज की द्वितीया तिथि 4 मार्च को शाम 4 बजकर 48 मिनट पर शुरू हो चुकी है और तिथि का समापन 5 मार्च यानी आज शाम 5 बजकर 03 मिनट पर होगा. 

ऐसे में आज तिलक लगाने का मुहूर्त सुबह से लेकर शाम 5 बजकर 03 मिनट तक रहेगा. इस दिन बहनें अपने भाइयों का तिलक कर सकती हैं. 

इस विधि से करें भाई का तिलक

भाई दूज के दिन तिलक करने से पहले एक साफ पूजा की थाली तैयार कर लें और उसमें एक दीपक जला लें. तिलक बनाने के लिए केसर, लाल चंदन और गंगाजल को मिलाकर चांदी या पीतल की कटोरी में रख लें. तिलक करने से पहले इस कटोरी को भगवान विष्णु के चरणों में अर्पित करें और ‘ऊं नमो नारायणाय’ मंत्र का 27 बार जाप करें.  इसके बाद सबसे पहले भगवान गणेश और विष्णु जी को तिलक लगाएं. 

अब भाई को एक चौकी पर बैठाएं और उसका मुख उत्तर-पूर्व दिशा की ओर रखें. फिर बहन अपने भाई के माथे पर तिलक लगाए, आरती उतारे और उसकी लंबी उम्र व सुख-समृद्धि की कामना करें.अंत में बहन भाई को मिठाई खिलाए और भाई भी बहन का मुंह मीठा कराए. इस तरह यह परंपरा भाई-बहन के प्यार और रिश्ते को और मजबूत बनाती है. 

कैसे मनाएं भाई दूज का त्योहार? 

हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, होली भाई दूज दिन भाई प्रातः काल चन्द्रमा का दर्शन करें. इसके बाद यमुना के जल से स्नान करें. अपनी बहन के घर जाएं और वहां बहन के हाथों से बना हुआ भोजन ग्रहण करें. बहनें भाई को भोजन कराएं. उनका तिलक करके आरती करें. फिर भाई सामर्थ्य के अनुसार अपनी बहन को उपहार दें.

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Suhas
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Suhas Bhokare is a journalist covering News for https://onlinemaharashtra.com/
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